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Iti Itihaas

Listen Podcast 'Iti Itihas' With Nitin Thakur in Hindi who will narrate the plethora of fascinating, shocking and startling historical occurrences in a span of just two to two and a half minutes. In this podcast,Our host  will narrate the chronical and archived facts in the form of short stories. The stories may concern a war, tragic downfall of a leader, a conspiracy hatched in a king's court, or an uncanny obsession of a famous performer. We will weave a show about every intriguing event you should be aware of. 'इति इतिहास' हमारा इतिहास का पॉडकास्ट है जिसमें हमारे होस्ट नितिन ठाकुर आपके लिए...

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Autor

Aaj Tak Radio

Categoria

History

Site do podcast

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Último episódio

8 de jun de 2025

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Episódios

स्विमिंग पूल में नहा रहे थे अश्वेत,लोगों ने पूल में तेज़ाब डाल दिया था :इति इतिहास,Ep 08 23.04.2023

अपने बीचेस के लिए मशहूर अमेरिका का फ्लोरिडा प्रांत. साल 1964. मार्टिन लूथर किंग की रंगभेद विरोधी स्पीच ‘आई हैव अ ड्रीम’ मशहूर हो रही थी. तब एक होटल था, मॉनसन मोटर लॉज . तमाम होटलों की तरह यहां भी ब्लैक लोगों की एंट्री बैन थी. यही पॉलिसी स्विमिंग पूल्स को लेकर भी थी. लेकिन एक दिन काले लोगों का गुस्सा भड़क उठा.सुनिए उन्हें रोकने के लिए होटल मैनेजमेंट ने क्या किया और ये घटना अमेरिकी इतिहास की बड़ी घटन...

'OK' को टेलीग्राम ने कैसे बना दिया चर्चित शब्द, जानिए इतिहास: इति इतिहास, Ep 07 22.04.2023

अपने रोज़ की ज़िंदगी में ओके शब्द का इस्तेमाल हम कितना करते हैं ये बताना बहुत मुश्किल है. ये शब्द है ही इतना आम. लेकिन क्या आपको पता है कि ok का इस्तेमाल शुरू कहां से हुआ? इसका इतिहास क्या है?

अलार्म के पहले लोग कैसे एक निश्चित समय पर उठा करते थे? :इति इतिहास, Ep 06 16.04.2023

आज अलार्म सबकी दिनचर्या का ज़रूरी अंग है. अलार्म न हो तो न जाने कितनों की सुबह कितनी देर से हो. लेकिन जब अलार्म नहीं था तब लोग कैसे उठा करते थे? क्या थी पहले अलार्म के अस्तित्व में आने की कहानी? सुनिए 'इति इतिहास' के इस एपिसोड में.

जब जिन्ना ने माना कि पाकिस्तान बनाकर ग़लती हो गई :इति इतिहास, Ep 05 15.04.2023

वरिष्ठ पत्रकार कुलदीप नैयर ने अपनी आत्मकथा ‘एक ज़िंदगी काफी नहीं' मे लिखा बंटवारे के दौरान देश की स्थिति देखने निकले जिन्ना तत्कालीन हालात देख के व्यथित हो गए थे. हालात इतने ख़राब थे कि जिन्ना के मुंह से निकल पड़ा ये मैंने क्या कर डाला? बंटवारे की त्रासदी और पाकिस्तान में कट्टरता का आलम देखकर जिन्ना दुखी थे लेकिन क्या इतने कि वो भारत लौट आना चाहते थे. अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षा पूरा करने को एक मुल्क...

एक कस्बा जहां एक बिल्ली मेयर बन गई! :इति इतिहास, Ep 04 09.04.2023

अगर कोई आपसे कहे कि दुनिया में एक जगह है जहां लोगों ने बिल्ली को मेयर बना दिया तो आप भरोसा करेंगे? एक्चुअली ऐसा हुआ है. अमेरिका के अलास्का की टॉकीट्ना काउंटी में. सुनिए पूरा किस्सा ‘इति इतिहास’ के इस एपिसोड में.

केचअप, दवा से लेकर ब्रेड तक : इति इतिहास, Ep 03 08.04.2023

साल 1700 के आसपास की बात होगी. केचअप का पहला वर्जन तभी दिखा. जगह थी चीन. लेकिन तब ये टोमैटो केचअप नहीं था और न ही केचअप को केचअप कहते थे. चीनी इतिहासकार गेन झाऊ ने लिखा है कि तब इसे गेचप कहते थे या कुछ जगहों पर कोएचप. मछलियों से या सोयाबिन से इसे तैयार किया जाता था. कुछ ही साल में बढ़ते बढ़ते ये इंग्लैंड भी पहुँच गया. और यहाँ इसका यूज भी बदला. फिश केचप या सोया केच अप टोमैटो केचप बन गया. यहीं चीन का...

किसने अकबर की हड्डियाँ कब्र से निकालीं और जला दिया?: इति इतिहास, Ep 02 02.04.2023

आगरा से चार किलोमीटर दूर है सिकंदरा जहां अकबर की कब्र है. अकबर की मृत्यु के करीब 50 साल बाद 1658 में औरंगजेब गद्दी पर बैठा. उस वक्त औरंगजेब जाटों की बग़ावत से जूझ रहा था. साल 1669 में एक युद्ध हुआ जिसमें औरंगजेब ने जाट इलाकों पर हमला कर के इनके नेता गोकुल जाट और उदय सिंह को कैद कर लिया. बाद में इन्हें फांसी भी दे दी गई. फिर ऐसा क्या किया जाटों ने औरंगजेब से बदला लेने के लिए और मरे हुए अकबर को उन्हो...

जब कॉफी हाउस जाने पर दी जाती थी मौत की सज़ा: इति इतिहास, Ep 01 01.04.2023

14th सेंचुरी में जो कॉफी यमन में जन्मी वो डेढ़ सौ साल बाद तुर्की की गलियों में जा पहुंची. खूब कॉफी हाउसेज़ खुले. उन दिनों तुर्की के इस्तांबुल में झंडा बुलंद था ऑटोमन अंपायर के मुराद फोर्थ का. मुराद जवान था, तानाशाह टाइप भी. कॉफी का चस्का इस्तांबुल के लोगों को ऐसा लगा था कि वो दिनरात कॉफी हाउस में बैठे रहते. फिर क्या हुआ ऐसा कि मुराद ने कॉफी हाउस जाने पर सजा का ऐलान कर दिया? सुनिए कॉफी का इतिहास 'इ...

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