Finney Samuel
दैनिक मन्ना | Bible Devotions in Hindi
"दैनिक मन्ना" प्रतिदिन के लिए संक्षिप्त बाइबल अध्ययन है। इन अध्ययन के माध्यम से रोज़ आप आत्मिक उन्नति कर सकते है! WhatsApp पर सूचित होने के लिए आप हमारे वेबसाइट द्वारा जुड़ सकते है: www.finneysamuel.com
Where to listen?
Podcasts in the app Replaio Radio Coming soonPodcasts are coming to the app soon. Install now and be the first to see a whole new take on podcasts
Episodes
उपद्रवी पुरूष से डाह न करना, और ना उसकी सी चाल चलना | नीतिवचन 3:30-32 20.09.2021 9:27
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:30-32 30 जिस मनुष्य ने तुझ से बुरा व्यवहार न किया हो, उस से अकारण मुकद्दमा खड़ा न करना। 31 उपद्रवी पुरूष के विषय में डाह न करना, न उसकी सी चाल चलना; 32 क्योंकि यहोवा कुटिल से घृणा करता है, परन्तु वह अपना भेद सीधे लोगों पर खोलता है॥
भला करने से न रुकना | नीतिवचन 3:27-29 20.09.2021 8:18
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:27-29 27 जिनका भला करना चाहिये, यदि तुझ में शक्ति रहे, तो उनका भला करने से न रुकना॥ 28 यदि तेरे पास देने को कुछ हो, तो अपने पड़ोसी से न कहना कि जा कल फिर आना, कल मैं तुझे दूंगा। 29 जब तेरा पड़ोसी तेरे पास बेखटके रहता है, तब उसके विरूद्ध बुरी युक्ति न बान्धना।
जब तू लेटेगा तब सुख की नींद आएगी | नीतिवचन 3:24-26 17.09.2021 8:33
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:24-26 24 जब तू लेटेगा, तब भय न खाएगा, जब तू लेटेगा, तब सुख की नींद आएगी। 25 अचानक आने वाले भय से न डरना, और जब दुष्टों पर विपत्ति आ पड़े, तब न घबराना; 26 क्योंकि यहोवा तुझे सहारा दिया करेगा, और तेरे पांव को फन्दे में फंसने न देगा।
बुद्धि और समझ को अपनी नज़रों से ओझल होने न दें | नीतिवचन 3:21-23 16.09.2021 9:54
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:21-23 21 हे मेरे पुत्र, ये बातें तेरी दृष्टि की ओट न हाने पाएं; खरी बुद्धि और विवेक की रक्षा कर, 22 तब इन से तुझे जीवन मिलेगा, और ये तेरे गले का हार बनेंगे। 23 और तू अपने मार्ग पर निडर चलेगा, और तेरे पांव में ठेस न लगेगी।
हमारे परमेश्वर की रचनात्मक बुद्धि | नीतिवचन 3:19-20 15.09.2021 10:31
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:19-20 19 यहोवा ने पृथ्वी की नेव बुद्धि ही से डाली; और स्वर्ग को समझ ही के द्वारा स्थिर किया। 20 उसी के ज्ञान के द्वारा गहिरे सागर फूट निकले, और आकाशमण्डल से ओस टपकती है॥
शांतिपूर्ण और सुखी जीवन कैसे बिताए | नीतिवचन 3:16-18 14.09.2021 9:08
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:16-18 16 उसके दहिने हाथ में दीर्घायु, और उसके बाएं हाथ में धन और महिमा है। 17 उसके मार्ग मनभाऊ हैं, और उसके सब मार्ग कुशल के हैं। 18 जो बुद्धि को ग्रहण कर लेते हैं, उनके लिये वह जीवन का वृक्ष बनती है; और जो उस को पकड़े रहते हैं, वह धन्य हैं॥
क्या ही धन्य है वह मनुष्य जो बुद्धि पाए | नीतिवचन 3:13-15 13.09.2021 8:11
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:13-15 13 क्या ही धन्य है वह मनुष्य जो बुद्धि पाए, और वह मनुष्य जो समझ प्राप्त करे, 14 क्योंकि बुद्धि की प्राप्ति चान्दी की प्राप्ति से बड़ी, और उसका लाभ चोखे सोने के लाभ से भी उत्तम है। 15 वह मूंगे से अधिक अनमोल है, और जितनी वस्तुओं की तू लालसा करता है, उन में से कोई भी उसके तुल्य न ठहरेगी।
यहोवा जिस से प्रेम रखता है उस को डांटता है | नीतिवचन 3:11-12 12.09.2021 8:41
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:11-12 11 हे मेरे पुत्र, यहोवा की शिक्षा से मुंह न मोड़ना, और जब वह तुझे डांटे, तब तू बुरा न मानना, 12 क्योंकि यहोवा जिस से प्रेम रखता है उस को डांटता है, जैसे कि बाप उस बेटे को जिसे वह अधिक चाहता है॥
अपनी संपत्ति देकर यहोवा की प्रतिष्ठा करना | नीतिवचन 3:9-10 10.09.2021 10:04
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:9-10 9 अपनी संपत्ति के द्वारा और अपनी भूमि की पहिली उपज दे देकर यहोवा की प्रतिष्ठा करना; 10 इस प्रकार तेरे खत्ते भरे और पूरे रहेंगे, और तेरे रसकुण्डोंसे नया दाखमधु उमण्डता रहेगा॥
अपनी दृष्टि में बुद्धिमान न होना | नीतिवचन 3:7-8 10.09.2021 8:02
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:7-8 7 अपनी दृष्टि में बुद्धिमान न होना; यहोवा का भय मानना, और बुराई से अलग रहना। 8 ऐसा करने से तेरा शरीर भला चंगा, और तेरी हड्डियां पुष्ट रहेंगी।
अपने सम्पूर्ण मन से यहोवा पर भरोसा रखना | नीतिवचन 3:5-6 08.09.2021 8:45
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:5-6 5 तू अपनी समझ का सहारा न लेना, वरन सम्पूर्ण मन से यहोवा पर भरोसा रखना। 6 उसी को स्मरण करके सब काम करना, तब वह तेरे लिये सीधा मार्ग निकालेगा।
कृपा और सच्चाई तुझ से अलग न होने पाएं | नीतिवचन 3:3-4 07.09.2021 9:25
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:3-4 3 कृपा और सच्चाई तुझ से अलग न होने पाएं; वरन उन को अपने गले का हार बनाना, और अपनी हृदय रूपी पटिया पर लिखना। 4 और तू परमेश्वर और मनुष्य दोनों का अनुग्रह पाएगा, तू अति बुद्धिमान होगा॥
शांतिपूर्ण और सफल जीवन का रहस्य | नीतिवचन 3:1-2 06.09.2021 10:09
आज का वचन ➤ नीतिवचन 3:1-2 1 हे मेरे पुत्र, मेरी शिक्षा को न भूलना; अपने हृदय में मेरी आज्ञाओं को रखे रहना; 2 क्योंकि ऐसा करने से तेरी आयु बढ़ेगी, और तू अधिक कुशल से रहेगा।
मीठी-बातें बोलने वाली स्त्री से सावधान! | नीतिवचन 2:16-18 06.09.2021 8:23
आज का वचन ➤ नीतिवचन 2:16-18 16 तब तू पराई स्त्री से भी बचेगा, जो चिकनी चुपड़ी बातें बोलती है, 17 और अपनी जवानी के साथी को छोड़ देती, और जो अपने परमेश्वर की वाचा को भूल जाती है। 18 उसका घर मृत्यु की ढलान पर है, और उसी डगरें मरे हुओं के बीच पहुंचाती हैं;
परमेश्वर के बुद्धि की खोज करने का लाभ | नीतिवचन 2:7-8 03.09.2021 9:07
आज का वचन ➤ नीतिवचन 2:7-8 7 वह सीधे लोगों के लिये खरी बुद्धि रख छोड़ता है; जो खराई से चलते हैं, उनके लिये वह ढाल ठहरता है। 8 वह न्याय के पथों की देख भाल करता, और अपने भक्तों के मार्ग की रक्षा करता है।
परमेश्वर के ज्ञान के उपहार को खोजे | नीतिवचन 2:3-6 02.09.2021 9:40
आज का वचन ➤ नीतिवचन 2:3-6 3 और प्रवीणता और समझ के लिये अति यत्न से पुकारे, 4 ओर उस को चान्दी की नाईं ढूंढ़े, और गुप्त धन के समान उसी खोज में लगा रहे; 5 तो तू यहोवा के भय को समझेगा, और परमेश्वर का ज्ञान तुझे प्राप्त होगा। 6 क्योंकि बुद्धि यहोवा ही देता है; ज्ञान और समझ की बातें उसी के मुंह से निकलती हैं।
बुद्धि सड़क में ऊंचे स्वर से बोलती है | नीतिवचन 1:20-23 02.09.2021 6:28
आज का वचन ➤ नीतिवचन 1:20-23 20 बुद्धि सड़क में ऊंचे स्वर से बोलती है; और चौकों में प्रचार करती है; 21 वह बाजारों की भीड़ में पुकारती है; वह फाटकों के बीच में और नगर के भीतर भी ये बातें बोलती है: 22 हे भोले लोगो, तुम कब तक भोलेपन से प्रीति रखोगे? और हे ठट्ठा करने वालो, तुम कब तक ठट्ठा करने से प्रसन्न रहोगे? और हे मूर्खों, तुम कब तक ज्ञान से बैर रखोगे? 23 तुम मेरी डांट सुन कर मन फिराओ; सुनो, मैं अपन...
बुरी संगति रखने का खतरा! | नीतिवचन 1:10 02.09.2021 9:42
आज का वचन ➤ नीतिवचन 1:10 10 हे मेरे पुत्र, यदि पापी लोग तुझे फुसलाएँ, तो उनकी बात न मानना।
Similar podcasts
Replaio is not a podcast publisher; show names, artwork and audio belong to their authors and are distributed through public RSS feeds.