Nitin Batra

अनटार्टेड पॉडकास्ट

Education HI ↓ 18 episodes

जो कुछ भी LL.B. में पढ़ेंगे, उस सारी विषय सामग्री को इस पॉडकास्ट में डाला जाता रहेगा।

Author

Nitin Batra

Category

Education

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Nov 26, 2024

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Episodes

आपातकाल भाग 18, अनु. 352-360 26.11.2024

अनु. ३५२-३६० में आपातकाल से संबंधित विवरण दिए गए हैं। यह ३ प्रकार की होती है। राष्ट्रीय आपातकाल ३५२ राज्यीय आपातकाल ३५६ वित्तीय आपातकाल ३६०

न्यायिक पुनर्विलोकन, आच्छादन का सिद्धांत और प्रथककर्णीयता का सिद्धांत 24.11.2024

न्यायिक पुनर्विलोकन, आच्छादन का सिद्धांत और प्रथककर्णीयता का सिद्धांत

राष्ट्रपति और राज्यपाल का तुलनात्मक अध्यन 24.11.2024

राष्ट्रपति की नियुक्ति, कार्यक्षेत्र और शक्तियां राज्यपाल की नियुक्ति, कार्यक्षेत्र और शक्तियां

नागरिकों के 11 मूल कर्तव्य 24.11.2024

१. संविधान का पालन, राष्ट्रीय ध्वज और गीत का आदर २. राष्ट्रीय नायकों का सम्मान ३. एकता अखंडता की रक्षा ४. समरसता और भाई चारे की भावना ५. देश की रक्षा और बुलाये जाने पर सेवा दें ६. गौरवशाली संस्कृति और समृद्ध परंपरा rich heritage बनाये रखें ७. जंगल, झीलों की रक्षा और सफ़ाई ८. वैज्ञानिक , मानववादी, ज्ञान और सुधार की भावना बनाये रखें ९. सार्वजनिक संपत्ति की सुरक्षा १०. व्यक्तिगत और सामूहिक गतिविधियों...

अनु. ३६-५१ - नीति निदेशक तत्व भाग ४ 24.11.2024

राज्य के नीति निदेशक तत्व , संविधान का भाग ४ - अनु. ३६-५१ तक लक्ष्य: सामाजिक न्याय, आर्थिक लोक तंत्र की नीव, राजनैतिक और आर्थिक अधिकारों का सन्तुला , संसाधनों का न्याय संगत वितरण विशेषता: क़ानूनी रूप से बाध्य नहीं है, संविधान निर्माताओं के आदर्श, लक्ष्य-उन्मुख। वर्गीकरण: सामाजिक और आर्थिक न्याय से संबंधित, गांधीवादी विचारों से प्रेरित वैश्विक शांति और सुरक्षा शिक्षा और समानता से संबंधित तत्व

रिट्स- Writs 23.11.2024

यह ५ प्रकार की होती हैं। १: बंदी प्रत्यक्षीकरण - हेबियस कार्पस - शरीर को प्रस्तुत करो २: परमादेश - मेंडमस - आदेश देना ३: प्रतिषेध - प्रोहिबिशन - रोक लगाना ४: अधिकार-पृच्छा - क्यो वारंटो - तुम किस अधिकार से हो ५: उत्प्रेषण - सर्टियोरेरी - जाँच और सुधार

मूल अधिकारों का सजग प्रहरी - अनु. ३२-२२६ 23.11.2024

अनुच्छेद ३२ उच्चतम न्यायालय को मूल अधिकारों का सजग प्रहरी बनता है। उच्चतम न्यायालय रिट जारी कर के मूल अधिकारों को सुरक्षा प्रदान करता है।

धर्म की स्वतंत्रता - अनुच्छेद 25-28 23.11.2024

अनु.२५ अंतःकरण और धर्म की स्वतंत्रता देता है। लेकिंग इस से सार्वजनिक व्यवस्था, नैतिकता और स्वास्थ्य प्रभावित नहीं होना चाहिए। अनु.२६- धार्मिक संस्थाओं का प्रबंधन अनु. २७: धर्म के प्रचार में छूट अनु. २८: धार्मिक शिक्षा पर प्रतिबंध

शिक्षा का अधिकार - अनुच्छेद 21-A 23.11.2024

अनुच्छेद 21-A, RTE Act के नाम से जाना जाता है। संविधान के 86 वें संशोधन (2002) के तहत इस अधिकार को जोड़ा गया था। यह अधिकार 6-14 साल के बच्चों के अनिवार्य शिक्षा के लिए बनाया गया।

अनुच्छेद २१ - प्राण दैहिक स्वतंत्रता का अधिकार 22.11.2024

अनुच्छेद २१ में मेनका गांधी के वाद से पहले और बाद की स्थिति । पहले व्याख्या विस्तृत नहीं थी।दैहिक विशेषण लगा कर सीमित कर दिया था। जबकि बाद में कहा गया कि प्राण का अधिकार केवल बैटिक अस्तित्व तक सीमित नहीं है । इसके अंतर्गत अन्य अधिकार जैसे जीविकोपार्जन, चिकित्सा, शिक्षा, एकांतता, लोक स्वास्थ्य पर्यावरण जैसे अन्य कई अधिकार शामिल किए गए।

अनुच्छेद १६ - अवसर की समानता 22.11.2024

अनुच्छेद १६ अवसर की समानता के बारे में हैं। १६ - १ के अनुसार सज्या के अधीन नौकरियों में सब को समान अवसर मिलता है १६-२ धर्म, जाति , लिंग, मूल वंश, स्थान, निवास के आधार पर अपात्र नहीं होगा १६-३ केवल संसद के द्वारा क़ानून बना कर निवास की योग्यता को मान्यता देता है। जैसे मध्यप्रदेश का मूलनिवासी होना आवश्यक है। ये योग्यता राज्य स्वयं नहीं बना सकते। १६-४ पिछड़े वर्ग के लिए आरक्षण लागू करता है। ये युक्ति...

समता का अधिकार - युक्तियुक्त वर्गीकरण 22.11.2024

समता का अधिकार अनुच्छेद 14 - युक्तियुक्त वर्गीकरण कानून के समक्ष सभी समान है और सभी के लिए समान न्याय और संरक्षण का अनुबंध है। राज्य के मनमाने पन के विरुद्ध संरक्षण देता है।

मूल अधिकारों के सामान्य लक्षण 22.11.2024

मूल अधिकारों के सामान्य लक्षण: ये संविधान द्वारा गारंटी हैं ना कि राज्य द्वारा दिया गया दान। न्यायालय द्वारा प्रवर्तनीय हैं और अत्यंतिक absolute नहीं हैं। राज्य के विरुद्ध नहीं हो सकते और निलंबित किए जा सकते हैं। संशोधित किए जा सकते हैं और सैनिकों के संबंध में कम किए जा सकते हैं। मार्शल लॉ के दौरान प्रतिबंधित किए जा सकते हैं।

भारत का संविधान - कठोर और लचीला 22.11.2024

भारत का संविधान कठोर होते हुए भी लचीला है। क्योंकि ये लिखित भी है और इसको संसद के द्वारा बहुमत कर आधार पर संशोधित भी किया जा सकता है।

Preamble प्रस्तावना में संशोधन और संविधान का संशोधन (Article 368) 22.11.2024

उद्देशिका या प्रस्तावना, प्रस्तावना में संशोधन और संविधान के संशोधन के बारे में बात कर रहे हैं। अनुच्छेद 368 (Article 368)

भारत का संविधान Preamble / उद्देशिका 19.11.2024

इस एपिसोड में भारत के संविधान की उद्देशिका या प्रस्तावना बतायी गई है। Preamble of the constitution of India is recorded in this episod.

अपकृत्य की विशेषताएं 14.11.2024

इस एपिसोड में अप्रत्य की विशेताएँ बतायी गईं हैं।

अपकृत्य विधि की परिभाषा 14.11.2024

इस एपिसोड में अपकृत्य विधि की विभिन्न विधिशास्त्रियों के द्वारा दी गई परिभाषाओं को बताया गया है।

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