fr

Rupa Gujarathi

Kuch Suni Unsuni Kahani

Kuch Suni unsuni kahani

N'hésitez pas à visiter le site du podcast et à soutenir son créateur : podcasters.spotify.com

Auteur

Rupa Gujarathi

Catégorie

Education

Site du podcast

podcasters.spotify.com

Dernier épisode

23 juil. 2025

Où écouter ?

Les podcasts dans l'appli Replaio Radio Bientôt disponible

Les podcasts arrivent très bientôt dans l'appli. Installe-la dès maintenant et découvre en avant-première une toute nouvelle façon de vivre les podcasts

Télécharger sur Google Play Installe-la gratuitement Android près de 10 M de téléchargements · note de 4,8 iOS bientôt

Épisodes

उधडी हुई कहानिया 09.11.2022

मध्य प्रदेश के पिछड़े इलाके की कहानी।

उम्र का मोड 14.09.2022

एक उम्र ऐसी आती है,जब लोग आपको पसंद करे,यह चाह बेहद तीव्र हो जाती है।इस प्रयास मे किशोर अजीब सी होड मे शामिल हो जाते है।अपनी बेटी को ऐसी निरर्थक प्रतिस्पर्द्धा मे घिरता देख मनीषा का चिंतित होना स्वाभाविक ही था।

पहचान 09.08.2022

रिश्ते पहचान को निखार सकते है,उसका संबल बन सकते है,लेकिन पहचान मे नाम की भूमिका अहम है।बिट्टू की मम्मी के हिस्से मे सारे संबोधन रिश्तो वाले थे।उनका नाम किसी को पता ही कहाँ था,जो पहचान बनती?

अनूठा उपहार 12.07.2022

जिन्दगी हमे सीख देती है।और हमे उससे सीख लेना चाहिए।

ऊर्जा 25.06.2022

कहानी सुनना और सुनाना भी एक चिकित्सा है।

हरी मुस्कराहट 10.06.2022

जो अबोले प्यार को समझते है,उनके लिए इंसान और पेड-पौधे मे कोई अंतर नही। पत्तियो की बढत ,शाखो के विस्तार और तने के स्पंदन को वे हर पल महसूस कर सकते है। और हरी मुस्कराहटो के बनाए रखने की उनकी कोशिशे भी कम नही होती। एक ऐसी ही कहानी है रत्ना और अंबुआ के रिश्ते की।

दीवार के पार 18.05.2022

जायदाद सुरक्षा द् सकती है,लेकिन खुशी नही।

भूख न देखे टूटी थाल 21.04.2022

साहेब की थाली भोजन से भरी हुई थी। जबान बदमजा हुई पडी थी और मुह मे निवाला रखते ही शिकायतो का रेला निकल रहा था। मुनिया को तो केवल दाल चावल मिले,लेकिन बेहद स्वाद भरे। ऐसा कयो कर हुआ होगा?

दीर्घायु भवः 14.04.2022

पति की लंबी उम्र की कामना जैसे पत्नी करती है,क्या उसके साथ के लिए पति को भी यह प्रार्थना नही करनी चाहिए?

मास्क 20.03.2022

सारा जीवन अपनी पत्नी को अपने से कम आकना। पर समय बीत जाने पर पछताना।

रवैया 26.02.2022

काम सीखने की लगन ने अमित को जल्दी ही सबका चहेता तो बना दिया,लेकिन उसे मेहनताने की अपेक्षा थी। दो साल तक लगातार मेहुल भाई की दुकान संभालने के बाद भी उसे एक पैसे का वेतन नही मिला था। उसकी लगन कायम थी,लेकिन अब उदासी घेरने लगी थी।क्यो नही मिल रहा था वेतन।

पगडंडी 31.01.2022

निराशा भावनात्मक खालीपन और संबल के अभाव की होती है। यह मिल जाए, तो कोई मुश्किल टिक नही सकती।

सुकून जहां मिलता है। 19.01.2022

चारदीवारी किसी को क्या देती है, इस सवाल का जवाब बुढ़ापे मे मिलता है।या तब जब जीवन साथी से बिछोह के बाद कोई उसके संग बनाई यादो की जगह से भी दूर कर दे। तब तो स्वर्ग भी सुख से परे ही लगता है।

धुआ और लाट 12.01.2022

सभ्यता मनुष्य का मनुष्य से संबंध कमजोर करती है।

पावरोटी 27.12.2021

कल्पना मनुष्य को किस प्रकार गलतफ़हमी मे डाल देती है,इसका एक सुन्दर विवेचन कहानीकार ने इस कथा मे किया है।

जीने की राह 15.12.2021

दूसरो से आशा रखना,स्नेह और मोह का प्रतीक है,लेकिन एक सीमा तक। अगर दूसरो को यह निर्भर ता या लाचारी लगने लगे,तो सभल जाना ही बेहतर है।

छोटा जादूगर 03.12.2021

परिस्थितया इंसान को जरूरत से ज्यादा समझदार और जिम्मेदार बना देती है,फिर वह चाहे छोटा बालक ही क्यू न हो।

शर्मिन्दगी 27.11.2021

गलती तो सुधारी जा सकती है, लेकिन अपनी ही नजरो मे गिरना, फिर संभलना मुश्किल होता है।

अधूरी कहानी 17.11.2021

कहानिया जिंदगी की ही धरातल से निकलती है।

विश्वास 14.11.2021

आस जीवन का दूसरा नाम है। इसे बनाए रखने का प्रयास नेकी की ही एक शक्ल है।आस-निराश की लहरो पर डूबती-उतराती एक भाव भरी कहानी।

खोज 10.11.2021

पिता और नानी के जाने के बाद सदमे से चुप हो चुकी मां के मुह से अपने लिए दो शब्द सुनने को तरसते बेटे की मामिर्क दास्तान।

Tiles 30.10.2021

बेकार की जिद और झगडे मन मुटाव की वजह बनते है।जिंदगी प्यार से जीनी चाहिए।

Rishto ki Diwali 28.10.2021

दिवाली के मौके पर घर के साथ साथ रिश्तों के प्रति मनमुटाव भी साफ करना चाहिए।

Jagran 26.10.2021

जीवन साथी की मुश्किलो का नये सिरे से अंदाजा लगना।

उपहार 24.10.2021

एक उपहार ऐसा भी ।

Écoute le podcast Kuch Suni Unsuni Kahani sur Replaio

La radio et les podcasts dans une seule appli - gratuite, sans inscription. Installe-la dès aujourd'hui et ne rate pas le lancement

Télécharger sur Google Play

Replaio n'est pas éditeur de podcasts ; les noms des émissions, les visuels et l'audio appartiennent à leurs auteurs et sont diffusés via des flux RSS publics