(2) Bakulesh Jamnadas Mehta
Bakulesh Jamnadas Mehta
मैं गांधीधाम गुजरात में रहेता हुं १८-१-१९५१ मेरी जन्म तारीख है मेरी काव्य रचनाएं और आध्यात्मिक वांचन आप तक पहुंचाने का प्रयत्न करता हुं।
N'hésitez pas à visiter le site du podcast et à soutenir son créateur : www.spreaker.com
Auteur
(2) Bakulesh Jamnadas Mehta
Catégorie
Site du podcast
Dernier épisode
18 oct. 2026
Où écouter ?
Les podcasts dans l'appli Replaio Radio Bientôt disponibleLes podcasts arrivent très bientôt dans l'appli. Installe-la dès maintenant et découvre en avant-première une toute nouvelle façon de vivre les podcasts
Épisodes
(१७) विधेश्वर संहिता अध्याय (१७).mp3 09.11.2025 21:15
शिव नाम जप तथा भस्म धारण की महिमा, त्रिपुंड के देवता और स्थान आदि का प्रतिपादन....
(१६) विधेश्वर संहिता अध्याय (१६).mp3 02.11.2025 17:22
पार्थिव पूजा की महिमा, शिवनैवेद्यके भक्षणके विषय में निर्णय तथा बिल्वका माहत्म्य...
(१५) विधेश्वर संहिता अध्याय (१५).mp3 02.11.2025 21:32
पार्थिव लिंग के निर्माण की रीति तथा वेद मंत्रों द्वारा उसके पूजन की विस्तृत एवं संक्षिप्त विधि का वर्णन....
(१४) विधेश्वर संहिता अध्याय (१४).mp3 26.10.2025 30:03
बंधन और मोक्ष का विवेचन, शिव पूजा का उपदेश, तथा शिव एवं गुरु शब्दकी व्युत्पत्ति तथा शिवके भस्मधारण का रहस्य....
(१३) विद्येश्वर संहिता अध्याय (१३).mp3 26.10.2025 35:07
षडलिंग स्वरूप प्रणवका महात्म्य, उसके सूक्ष्म रूप और स्थूल रूपका विवेचन, उसके जपकी विधि एवं महिमा........
(१२) विधेश्वर संहिता अध्याय (१२).mp3 20.10.2025 29:59
पृथ्वी आदि से निर्मित देव प्रतिमाओं के पूजन की विधि, उनके लिए नैवेद्यका विचार, पूजन के विभिन्न उपचारों का फल, विशेष मास, वार, तिथि एवं नक्षत्रके योग में पूजन का विशेष फल तथा लिंगके वैज्ञानिक स्वरूप का विवेचन....
(११) विधेश्वर संहिता अध्याय (११).mp3 20.10.2025 14:37
देश, काल, पात्र और दान आदिका विचार ।
(१०) विधेश्वर संहिता अध्याय (१०).mp3 12.10.2025 16:38
अग्नियज्ञ, देवयज्ञ, और ब्रम्हयज्ञ आदिका वर्णन, भगवान शिव के द्वारा सातों वारो का निर्माण तथा उनमें देवाराघनसे विभिन्न प्रकार के फलोंकी प्राप्ति का कथन...
(९) विघेश्वर संहिता अध्याय (९).mp3 12.10.2025 29:24
सदाचार, शौचाचार, स्नान, भस्मधारण, संध्या वंदन, प्रणव- जप, गायत्रीजप, तथा अग्निहोत्र आदिकी विधि एवं महिमा का वर्णन...
(८) विधेश्वर संहिता अध्याय (८).mp3 05.10.2025 13:13
मोक्षदायक पुण्यक्षेत्रोंका वर्णन, कालविशेषमें विभिन्न नदियोंके जलमें स्नानके उत्तम फलका निर्देश तथा तीर्थमें पापसे बचे रहने की चेतावनी...
(७) विधेश्वर संहिता अध्याय (७).mp3 05.10.2025 21:06
शिवलिंगकी स्थापना, उसके लक्षण और पूजन की विधिका वर्णन तथा शिवपदकी प्राप्तिकरने वाले सत्कर्मों का विवेचन.....
(६) विघेश्वर संहिता अध्याय (६).mp3 03.10.2025 12:45
पंच कृत्योंका प्रतिपादन प्रणव एवं पंचाक्षर मंत्र की महत्ता, ब्रह्मा-विष्णु द्वारा भगवान शिवकी स्तुति तथा उनका अंतरध्यान.....
(५) विघेश्वर संहिता अध्याय (५).mp3 03.10.2025 9:58
महेश्वरका ब्रह्मा और विष्णुकोअपने निष्कल और शकल स्वरूपका परिचय देते हुए लिंगपूजन का महत्व बताना.....
(४) विघेश्वर संहिता अध्याय (४).mp3 02.10.2025 8:57
भगवान शिवके लिंग एवं साकार विग्रहकी पूजा के रहस्य तथा महत्वका वर्णन ।
(३) विघेश्वर संहिता अध्याय (३).mp3 01.10.2025 11:57
साध्य- साधन आदिका विचार तथा श्रवण, कीर्तन और मनन - इन तीन साधनोंकी श्रेष्ठता का प्रतिपादन.....
(२) विधेश्वर संहिता अध्याय (२).mp3 01.10.2025 7:27
श्री शिव महापुराणका परिचय ।
(१) विघेश्वर संहिता अध्याय (१).mp3 29.09.2025 8:29
प्रयाग में सुतजीसे मुनियों का तुरंत पाप नाश करने वाले साधन के विषय में प्रश्न....
(५) शिव महात्म्य अध्याय (५).mp3 29.09.2025 16:17
शिव पुराण के श्रवण की विधि तथा श्रोताओं के पालन करने योग्य नियमों का वर्णन ।
(४) शिव महात्म्य अध्याय (४).mp3 27.09.2025 14:48
चंचुलाके प्रयत्नसे पार्वतीजी की आज्ञा पाकर तुम्बुरु का विंध्य पर्वत पर शिवपुराण की कथा सुनाकर बिन्दुगका पिशाच योनीसे उद्धार करना
(३) शिव महात्मय अध्याय (३).mp3 25.09.2025 13:18
चांचूलाकी प्रार्थनासे ब्राह्मणका उसे पूरा शिव पुराण सुनाना और समयानुसार शरीर छोड़कर चंचुलाका शिवलोक में जाना ।
(१-२) शिवपुराण महात्मय अध्याय (१-२) .mp3 24.09.2025 21:48
शौनकजी के साधनविषयक प्रश्न करने पर सूतजी का उन्हें शिव पुराण की उत्कृष्ट महिमा सुनाना (२) शिव पुराण के श्रवण से देवराज को शिव लोक की प्राप्ति ।
Podcasts similaires
Replaio n'est pas éditeur de podcasts ; les noms des émissions, les visuels et l'audio appartiennent à leurs auteurs et sont diffusés via des flux RSS publics