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Padhaku Nitin

Padhaku Nitin is a casual and long conversation-based podcast where Aaj Tak Radio host Nitin talks to experts and discuss a wide range of topics like history, war, politics, policy, ideologies, cinema, travelling, sports, nature and everything that is interesting. A single episode of the show can be as enriching as reading four books. As we say in the podcast,Chaar kitaabe padhne jitna gyaan milega Padhaku Nitin mein. कब कोई हक़ीक़त से मिथक बन जाता है? क्यों कोई कहानी सदियाँ पार करके हमारे सिरहाने आ बैठती है? कुछ नाम तो इंसानों की कलेक्टिव मेमोरी का हमेशा के लिए हिस्सा बन जाते हैं लेकिन पूरी क...

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Episoder

अकबर ने अनारकली को वाकई दीवार में चुनवाया था?: पढ़ाकू नितिन, Ep 61 15.09.2022

अकबर के नाम पर खूब कहानियां हैं, खूब अफवाहें हैं और खूब विवाद हैं. उन्हें कोई महान मानता है तो कोई विलेन. इस बार के पढ़ाकू नितिन में मुगल साम्राज्य के सबसे दमदार शासक अकबर पर बात हुई. नितिन ठाकुर ने ये पॉडकास्ट किया है शाज़ी ज़मां के साथ. शाज़ी ने अपने दशक भर के रिसर्च के बाद अकबर पर एक किताब भी लिखी है. इस बातचीत में आपको सुनने को मिलेगा कि अकबर असल में दिखता कैसा था, जोधाबाई से उसका क्या रिश्ता...

तिहाड़ जाने की जुगत क्यों भिड़ाते हैं कुछ लोग?: पढ़ाकू नितिन, Ep 60 08.09.2022

जेल एक भीड़ भरी लेकिन अकेली जगह है. सब वहां नहीं जाते लेकिन उस दुनिया का रहस्य ज़रूर जानना चाहते हैं. फ़ोटो जर्नलिस्ट रेणुका पुरी ने अनगिनत बार उस दुनिया को देखा है और खासकर महिलाओं की उस सेल तक पहुंची हैं जहां सबको नहीं जाने दिया जाता. इस बार के पढ़ाकू नितिन में तिहाड़ के उन कोनों तक पहुंचेंगे जहां सब नहीं जा पाते. Disclaimer: इस पॉडकास्ट में व्यक्त किए गए विचार एक्सपर्ट के निजी हैं.

भूत प्रेतों की दुनिया में कितनी हक़ीक़त और कितना अफ़साना है?: पढ़ाकू नितिन, Ep 59 01.09.2022

भूत, प्रेत, चुड़ैल, डायन, जिन्न, पिशाच, बेताल.. जाने कितने नाम हैं उस ख़ौफ़ के जिसके साये में लोग घबराए रहते हैं. हज़ारों साल से लेकर आज तक कई गुत्थियां सुलझ नहीं पाईं. इस बार के पढ़ाकू नितिन में नितिन ठाकुर बात कर रहे हैं पैरानॉर्मल इनवेस्टिगेटर जय अलानी से और सुन रहे हैं उनकी आपबीती.

महात्मा गांधी पर सबसे मुश्किल सवालों का जवाब इतिहासकार से सुनिए: पढ़ाकू नितिन, Ep 58 25.08.2022

गांधी के समर्थक और उनके विरोधी हमेशा उन्हें कौतूहल से देखते रहे हैं. सबके पास उनके लिए सवाल थे और हैं. कुछ का जवाब मिल गया और कुछ अनुत्तरित रहे. इस बार के पढ़ाकू नितिन में इतिहासकार सुधीर चंद्र से नितिन ठाकुर ने गांधी से जुड़े सबसे मुश्किल सवाल पूछे हैं.

जब एक संपादक ने अपने अखबार के फ्रंट पेज पर छापा- I am Bastard!: पढ़ाकू नितिन, Ep 57 20.08.2022

एक संपादक जिसने अपने ही अखबार में छाप दिया था- I am Bastard, एक पीएम जिसने चंद्रास्वामी को गिरफ्तारी से बचा लिया, एक ज्योतिषी जिसे पीएम पद के दावेदार ने कुंडली दिखाकर पूछा- मनमोहन सिंह की बजाय मुझे क्यों नहीं प्रधानमंत्री बनाया गया. ऐसे ऐसे मज़ेदार किस्से इस बार पढ़ाकू नितिन में सुनेंगे सीनियर जर्नलिस्ट अनिल माहेश्वरी से. उन्होंने एक किताब भी लिखी है- Instant History जिसमें पांच दशकों के करियर की...

ताइवान को कभी तवज्जो ना देनेवाला चीन अब उसके पीछे क्यों पड़ा है?: पढ़ाकू नितिन, Ep 56 11.08.2022

अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की स्पीकर नैंसी पेलोसी के ताइवान दौरे के तुरंत बाद चीन एक्टिव हो गया है. तरह-तरह से वो ताइवान को डरा धमका रहा है. उसका दावा है कि ताइवान ऐतिहासिक रूप से चीन का हिस्सा है. इस बार के पढ़ाकू नितिन में नितिन ठाकुर के साथ चाइना स्टडीज़ के एक्सपर्ट प्रो राकेश कुमार बता रहे हैं कि कभी जिस ताइवान को तवज्जो नहीं मिली उसके पीछे चीन क्यों पड़ा है?

जंग के बीच एयरफोर्स पायलट पर आर्मी के जवान ने क्यों तान दी थी बंदूक?: पढ़ाकू नितिन, Ep 55 04.08.2022

पढ़ाकू नितिन का ये एपिसोड गज़ब के क़िस्सों से भरा है. क़िस्से असली हैं और सुनानेवाले रिटायर्ड एयर वाइस मार्शल राजेश इस्सर हैं. उन्होंने 37 सालों तक बेशुमार हेलिकॉप्टर्स उड़ाए और वायुसैनिकों को उड़ाने सिखाए भी. चार दशकों के लंबे करियर में उन्होंने जंग, आपदा, शांति मिशन जैसी तमाम चीज़ें झेलीं, और एक बार तो ये भी हुआ कि बीच जंग में उन पर आर्मी के एक जवान ने बंदूक तान दी और ठीक उसी वक्त एक आर्मी अफ़सर...

क्रैश के बाद नेताजी बोस को ज़िंदा देखने का दावा करनेवाले खामोश कर दिए गए?: पढ़ाकू नितिन, Ep 54 01.08.2022

नेताजी सुभाषचंद्र बोस के बारे में हमेशा बताया गया कि उनकी मौत हवाई हादसे में हो गई थी. बावजूद इसके ये घटना विवादों में ही रही. पढ़ाकू नितिन में डॉक्यूमेंटेरियन इक़बाल चंद मल्होत्रा गवाहों और कागज़ात के बूते दावा कर रहे हैं कि नेताजी अपनी “मौत की खबर” के बाद भी ज़िंदा थे और सामने आने की कोशिश भी करते रहे. साउंड मिक्सिंग - कपिल देव सिंह Disclaimer: इस पॉडकास्ट में व्यक्त किए गए विचार एक्सपर्ट के निज...

रामायण का वो वर्ज़न जिसमें ना गदा है और ना सीता का स्वयंवर: पढ़ाकू नितिन, Ep 53 21.07.2022

रामायण के बहुत से वर्ज़न हैं. कोई संस्कृत में है तो कोई अवधी में, कोई उत्तर भारत में है तो कोई साउथ में. कोई सैकड़ों साल पहले लिखी गई तो कोई आजकल में ही. जितनी रामायण हैं उतनी ही अलग अलग दिलचस्प कहानियां भी. पढ़ाकू नितिन में शामिल हुईं अमि गणात्रा जिन्होंने Ramayana Unravelled लिखी है उन्होंने नितिन ठाकुर को बताया कि कौन सी रामायण प्रामाणिकता के करीब है, कौन सी रामायण है जिसमें ना गदा का ज़िक्र है...

श्रीलंका के डूबने की वजह रुपए-पैसे से ज़्यादा नफरती राजनीति क्यों है?: पढ़ाकू नितिन, Ep 52 14.07.2022

श्रीलंका में भरभराता इकोनॉमिक सिस्टम एक रात में कमज़ोर नहीं हुआ. इसके पीछे कई वजहें हैं, कई लोग हैं, कई गलत फैसले हैं. जो तस्वीरें श्रीलंका से आ रही हैं उनकी तह तक जाने के लिए इस बार पढ़ाकू नितिन में बैठकी हुई है ऐसे एक्सपर्ट से जो तीस सालों तक श्रीलंका पर पढ़ाई लिखाई करते रहे. अवतार सिंह भसीन से सुनिए श्रीलंका के डूबने की कहानी.

धर्मों को समलैंगिकता मंज़ूर है या नहीं, देवदत्त पटनायक से सुनिए: पढ़ाकू नितिन, Ep 51 07.07.2022

धर्मों में समलैंगिकता के लिए कितनी जगह है, ये सवाल हमेशा बना रहा है. धार्मिक पुस्तकों में इसका जवाब तलाशने की कोशिश चलती ही रहती है. अब माइथोलॉजी पर जमकर लिखनेवाले देवदत्त पटनायक एक किताब लाए हैं जिसका नाम ही है ‘धर्म और समलैंगिकता’. पढ़ाकू नितिन में नितिन ठाकुर ने उनसे बात की और टटोला कि कौन सा धर्म समलैंगिकता पर क्या कहता है.

बेकाबू शेर-हाथी मारने वाले ‘नवाब साहब’ क्यों शिकार के समर्थक हैं: पढ़ाकू नितिन, Ep 50 30.06.2022

कभी कोई आदमखोर शेर इंसान को मार देता है तो कभी बेकाबू हाथी मस्त होकर सब कुचलने निकल जाता है. जब जंगली काबू से बाहर हो जाते हैं तब कई बार उन्हें मारने का फैसला लिया जाता है. इस बार के 'पढ़ाकू नितिन' में सुनिए ख़तरनाक हो चुके जंगली जानवरों को काबू करने में एक्सपर्ट पिता-पुत्र नवाब शफत अली खान और उनके बेटे असगर अली खान को. वो बता रहे हैं कि इंसान-जानवरों के इस संघर्ष का समाधान क्या हो सकता है, चर्चित...

गांधी के प्रेम प्रसंगों पर क्या सोचती थीं उनकी पत्नी कस्तूरबा, सुनिए तुषार गांधी से: पढ़ाकू नितिन, Ep 49 23.06.2022

कस्तूरबा हमेशा महात्मा गांधी के साथ साये की तरह रहीं. वो जब जेल में होते तो भी बाहर संघर्ष करती रहीं लेकिन नायक की परछाईं में कई बार बाकी लोग छिप जाते हैं. कस्तूरबा भी छिप गईं. पढ़ाकू नितिन के इस ऐपीसोड में कस्तूरबा के पड़पोते तुषार गांधी उन्हें भावुक होकर याद कर रहे हैं. एक 'गांधी' होने के नाते वो क्या महसूस करते हैं ये भी बता रहे हैं, और गांधी जी के प्रयोगों एवं प्रेम प्रसंगों पर कस्तूरबा क्या क...

कस्तूरबा गांधी की 90 साल पुरानी डायरी में क्या लिखा है, उनके पड़पोते से जानिए: पढ़ाकू नितिन, Ep 48 16.06.2022

महात्मा गांधी की विशाल छवि के पीछे जाने- अनजाने कस्तूरबा छिपी रह गईं. वही थीं जिन्होंने मोहन को महात्मा बनते देखा लेकिन उनके बारे में बहुत कम जाना गया. पिछले दिनों कस्तूरबा की एक गुम हो चुकी डायरी उनके पड़पोते तुषार गांधी के हाथ लगी. उन्होंने उस पर एक किताब भी लिखी. इस बार के 'पढ़ाकू नितिन' में तुषार ने इत्मीनान और विस्तार से अपनी पड़दादी कस्तूरबा को याद किया. उन्होंने बताया कि कस्तूरबा की सीमाएँ...

पृथ्वीराज चौहान का असल इतिहास सुनेंगे तो किसी झांसे में नहीं फंसेंगे: पढ़ाकू नितिन, Ep 47 09.06.2022

पृथ्वीराज चौहान और मोहम्मद गोरी की जंग हज़ार साल पहले हुई लेकिन उनका कहानी-किस्सा आज तक लोगों के ज़हन में है. वक्त बहुत बीत गया इसलिए ढेरों बातों पर धुंधलका छाया है. सच-झूठ क्या है पता नहीं चल पाता लेकिन आज के 'पढ़ाकू नितिन' में तथ्य और गल्प को अलग अलग करके देखेंगे. पटना यूनिवर्सिटी में इतिहास पढ़ाने वालीं असिस्टेंट प्रोफेसर प्रतिभा सिंह से सुनिए पृथ्वीराज चौहान का असली इतिहास.

शिवाजी के पिता मुस्लिम सुल्तानों के दरबारी थे लेकिन उन्होंने क्यों तलवार उठा ली?: पढ़ाकू नितिन, Ep 46 02.06.2022

शिवाजी के बारे में जितने तथ्य फैले हैं उतनी ही किंवदंतियां भी. बावजूद इसके बहुत सारे लोग शिवाजी के बारे में बहुत कुछ नहीं जानते. जैसे कितने लोग जानते हैं कि वो एक ताकतवर नेवी के स्वामी थे या उनके पिता जिस आदिलशाही सल्तनत के लिए जंग लड़ते थे उसी के दुर्ग शिवाजी जीत रहे थे. ऐसे ही दिलचस्प किस्से सुनिए पढ़ाकू नितिन में मराठों पर तीन किताब लिख चुकीं लेखिका मेधा देशमुख भास्करन से.

औरंगजेब की शाही सेना को तबाह कर देनेवाले लछित सेनापति की कहानी: पढ़ाकू नितिन, Ep 45 26.05.2022

मुस्लिम हमलवारों को अहोम वंश ने 18 बार हराया. औरंगजेब की भी उनके सामने एक नहीं चली. सेनापति लछित ने अपनी नेवी से शाही सेना को ब्रह्मपुत्र में डुबा दिया. 'पढ़ाकू नितिन' में इस बार सुनिए नितिन ठाकुर के साथ अनीश गोखले की ये क़िस्सागोई.

ताजमहल के गुंबद से लेकर बंद कमरों तक पहुंचे प्रोफेसर से सुनिए चौंकानेवाले सच : पढ़ाकू नितिन, Ep 44 19.05.2022

ताजमहल को लेकर आजकल बहुत सवाल उठ रहे हैं. कुछ नए हैं कुछ पुराने. इस बार “पढ़ाकू नितिन” में नितिन ठाकुर ने ऐसे शख्स से बात की है जो पांच दशक पहले ताजमहल के गुंबद तक भी गए हैं और अंडरग्राउंड 22 बंद कमरों तक भी. एएमयू में इतिहास विभाग संभाल चुके प्रो सैयद अली नदीम रेज़वी ने इस पॉडकास्ट में ताजमहल से जुड़े ऐसे सभी सवालों का इत्मीनान से जवाब दिया है जो आपके ज़हन में कभी ना कभी उठे होंगे. Disclaimer: इस...

सैकड़ों साल से गली-मोहल्ले में खेले जा रहे खेल कहां खो गए?: पढ़ाकू नितिन, Ep 43 12.05.2022

जितना पुराना इंसान है शायद उतने ही पुराने खेल. हर देश, हर समाज, हर काल में खेले जाते रहे. रोम में ग्लैडिएटर्स भी खेलते थे, महाभारत में कौरव-पांडव भी. आज के 'पढ़ाकू नितिन' में नितिन ठाकुर ने बात की है अमिताभ सत्यम और संगीता गोस्वामी से खेलों के ही बारे में. ऐसे विशुद्ध देसी खेल जो धीरे धीरे खोते चले जा रहे हैं.

बीजेपी-शिवेसना में बाबरी विध्वंस क्रेडिट की होड़, सुनिए आंखों देखी: पढ़ाकू नितिन, Ep 42 05.05.2022

बीजेपी-शिवेसना के बीच बाबरी विध्वंस का क्रेडिट लेने की होड़ मची हुई है. ऐसे मौके पर हमने सोचा कि पढ़ाकू नितिन में 6 दिसंबर 1992 की आंखों देखी सुनी जाए. सीनियर जर्नलिस्ट रामदत्त त्रिपाठी ने ना सिर्फ बाबरी को ढहते देखा था बल्कि उसके पहले और बाद के हर वाकये के वो चश्मदीद भी रहे हैं. इस बार पढ़ाकू नितिन में उन्हें ही सुनिए.

फ्री स्पीच के लिए खुले Social Media Platforms खुलकर बोलने कब देंगे?: पढ़ाकू नितिन, Ep 41 28.04.2022

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स कभी फ्री स्पीच का नारा देकर आए थे, लेकिन लोगों को वो हक दे नहीं सके. ऊपर से उनके सिर पर कई तरह की तलवारें अलग लटकी हैं. अब तो कॉम्पीटिशन भी तेज़ है. तो इस बार पढ़ाकू नितिन की बैठकी में नितिन ठाकुर के साथ Koo के को-फाउंडर अप्रमेय राधाकृष्णा से बात हो रही है इन्हीं सवालों पर.

पाकिस्तान के खाली खज़ाने की कहानी क्या है, पाकिस्तानी एक्सपर्ट से सुनिए: पढ़ाकू नितिन, Ep 40 21.04.2022

पाकिस्तान अपने इतिहास की सबसे ज़्यादा महंगाई झेल रहा है, उसके पास विदेश से खरीद के लिए महज़ डेढ़ महीने लायक डॉलर हैं, बेचने के लिए उनके पास कुछ बचा नहीं. ऐसे में राजनीतिक तौर पर डावांडोल पाकिस्तान क्या करेगा, सुनिए पढ़ाकू नितिन में इकोनॉमिस्ट और कराची की हबीब यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डॉ अक़दस अफ़ज़ल से. डिस्क्लेमर: इस पॉडकास्ट में पेश किए गए विचार एक्सपर्ट्स के निजी विचार हैं. आजतक रेडियो का सहमत ह...

Vinod Rai से सुनिए Indian Cricket किसकी पॉलिटिक्स से त्रस्त था: पढ़ाकू नितिन, Ep 39 14.04.2022

विनोद राय का नाम पहली बार देश ने 2G मामले में सुना था. फिर उनका नाम सुर्खियों में आया जब उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर BCCI की कमान संभाली. 33 महीनों के कार्यकाल में उन्होंने भारतीय क्रिकेट के अंदरखाने का बहुत कुछ देखा-समझा और अब उस पर किताब लिख दी है. इस बार के 'पढ़ाकू नितिन' में नितिन ठाकुर के साथ विनोद राय शामिल हुए और ढेरों सवाल पर इत्मीनान से बोले.

Pakistan में भुट्टो- शरीफ-इमरान आए लेकिन Democracy क्यों नहीं आती है?: पढ़ाकू नितिन, Ep 38 07.04.2022

पाकिस्तान की सत्ता में चाहे भुट्टो आएं, शरीफ आएं या इमरान खान लेकिन फ़र्क़ ज़्यादा नहीं पड़ता. ये देश डेमोक्रेसी को तरसता ही रहता है. फौज और फॉरेन ताकतें इसके लोकतंत्र को खाती रहती हैं मगर दीमक कई तरफ से लगी है, उन्हें ही पढ़ाकू नितिन में नितिन ठाकुर के साथ टटोल रहे हैं इंटरनेशनल अफेयर्स के आला जानकार प्रकाश के रे.

‘तेल इतना महंगा क्यों है’, जानिए उस पत्रकार से जिसने 27 साल तक इसका जवाब खोजा: पढ़ाकू नितिन, Ep 37 31.03.2022

तेल का खेल समझना आसान नहीं क्योंकि तेल निकलता कहीं है.. उससे पेट्रोल डीज़ल बनता कहीं है.. बिकता कहीं और है.. लेकिन इस बार के पढ़ाकू नितिन में नितिन ठाकुर के साथ सरलता से समझेंगे इस खेल को सीनियर पत्रकार ऋचा मिश्रा से जिन्होंने 27 सालों तक इसी सवाल का पीछा किया कि तेल इतना महंगा क्यों है?

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