Dr. Rakshit Madan Bagde

Economics and Social Studies

I am Assistant Professor in Economics and Researcher. My aim is to make people aware of the new issues involved in economics in easy terms. Along with it, information on social issues is to be accessed in easy terms. "Increase knowledge along with Entertainment."

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Dr. Rakshit Madan Bagde

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Society

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Epizody

कार्ल मार्क्स 11.01.2021

\"पूंजी मृत श्रम है जो पिशाच की तरह है , जो केवल श्रम चूसकर ही जिन्दा रहता है और जितना अधिक जीता है उतना श्रम चूसता है.\" - कार्ल मार्क्स bcRB0TO2hBQ9RYHuxrIK

जॉन मेनार्ड कीन्स 11.01.2021

मार्शल के शिष्य जान मेनार्ड कीन्स का \'रोजगार, ब्याज एवं मुद्रा का सामान्य सिद्धांत\' नामक ग्रंथ अर्थशास्त्र की विशेष महत्वपूर्ण पुस्तक है। वास्तव में इस ग्रंथ ने पाश्चात्य अर्थशास्त्रियों की विचारधारा को आमूल परिवर्तित कर दिया है। इसी पर हेराड डोमर का सुप्रसिद्ध विकास माडल, लियोंतिफ का इन-पुट आउटपुट माडल आदि कई महत्वपूर्ण सिद्धांत उद्भूत हुए हैं। प्रो॰ सैम्युलसन मानते हैं कि कोई भी व्यक्ति या अर्...

अल्फ्रेड मार्शल 11.01.2021

अल्फ्रेड मार्शल अल्फ्रेड मार्शल (Alfred Marshall; 26 जुलाई 1842 – 13 जुलाई 1924) अपने समय के सबसे प्रभावशाली अर्थशास्त्री थे। उनकी \'प्रिंसिपल्स ऑफ इकनॉमिक्स\' अनेकों वर्षों तक इंग्लैण्ड में अर्थशास्त्र की पाठ्यपुस्तक के रूप में पढ़ायी जाती रही। इसमें मांग और आपूर्ति, मार्जिनल युटिलिटी तथा उत्पादन लागत को व्यवस्थित रूप दिया। मार्शल की गणना अर्थशास्त्र के प्रमुख संस्थापकों में की जाती है.

एडम स्मिथ 10.01.2021

एडम स्मिथ स्कॉटलैंड के प्रसिद् प्रकृतिवादी एवं आशावादी अर्थशास्त्री थे.9 मार्च, 1776 को उनकी ‘वेल्थ ऑफ नेशन’ किताब प्रकाशित हुई. इसे अर्थशास्त्र का मूलभूत ग्रंथ कहा जाता है. एडम स्मिथ के योगदानों की विवेचना के आधार पर उन्हें अर्थशास्त्र का ”जनक” अथवा  ”जन्मदाता” भी कहा जाता है.

डॉ. अमर्त्य सेन 10.01.2021

अमर्त्य सेन अर्थशास्त्री है, उन्हें १९९८ में अर्थशास्त्र के नोबल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। संप्रति वे हार्वड विश्वविद्यालय (अमरीका)|हार्वड विश्वविद्यालय में प्राध्यापक हैं। वे जादवपुर विश्वविद्यालय, दिल्ली स्कूल ऑफ इकानामिक्स और ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में भी शिक्षक रहे हैं। सेन ने एम.आई। टी, स्टैनफोर्ड, बर्कली और कॉरनेल विश्वविद्यालयों में अतिथि अध्यापक के रूप में भी शिक्षण किया है।

वसुबन्धु 09.01.2021

वसुबन्धु बौद्ध नैयायिक थे। वे असंग के कनिष्ठ भ्राता थे। योगाचार के सिद्धांतों पर इनके अनेक महत्वपूर्ण ग्रंथ प्रसिद्ध हैं। ये उच्चकोटि की प्रतिभा से संपन्न महान नैयायिक थे। \"तर्कशास्त्र\" नामक इनका ग्रंथ बौद्ध न्याय का बेजोड़ ग्रंथ माना जाता है।

अरुंधति रॉय 09.01.2021

अंबेडकर की किताब ‘एनहिलिएशन ऑफ कास्ट’ पर अरुंधति ने 120 पन्ना लंबा इंट्रोडक्शन लिखा है जिसे ‘द डॉक्टर एंड दी सेंट’ नाम दिया है. इसमें भारत में जातिगत पक्षपात, पूंजीवाद, पक्षपात के प्रति आंख मूंद लेने की आदत, अंबेडकर की बात को गांधीवादी बुद्धिजीवियों द्वारा खंडन और संघ परिवार का हिंदू राष्ट्र तक लिखा है.

मलाला युसुफ़ज़ई 09.01.2021

10 दिसंबर 2014 के दिन मलाला को दुनिया के सबसे बड़े पुरस्कार शांति के नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया। नॉर्वे में आयोजित इस कार्यक्रम में भारत के कैलाश सत्यार्थी के साथ संयुक्त रुप से नोबले पुरस्कार प्रदान किया गया। इस तरह मलाला सबसे कम उम्र में नोबेल प्राप्त करने वाली विजेता बन गईं।

नेल्सन मंडेला 08.01.2021

नेल्सन मंडेला को 1993 में शांति नोबेल पुरस्कार दिया गया था. नेल्सन मंडेला ने कहा था, \"विकास और शांति को अलग नहीं किया जा सकता. शांति और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा के बगैर कोई भी देश अपने गरीब और पिछड़े हुए नागरिकों को मुख्य धारा में लाने के लिए कुछ नहीं कर सकता.\"

स्टीफन हॉकिंग 08.01.2021

स्टीफन विलियम हॉकिंग (८ जनवरी १९४२– १४ मार्च २०१८)), एक विश्व प्रसिद्ध ब्रितानी भौतिक विज्ञानी,ब्रह्माण्ड विज्ञानी, लेखक और कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय में सैद्धांतिक ब्रह्मांड विज्ञान केन्द्र (Centre for Theoretical Cosmology) के शोध निर्देशक थे।

निक व्युजेसिक 08.01.2021

जन्म 1982 को मेलबोर्न, ऑस्ट्रेलिया में हुआ, उनका जन्म ही बिना हाथ और पैरो के हुआ था.कई डॉक्टर उनके इस विकार को सुधारने में असफल हुए. और आज भी निक अपना जीवन बिना हाथ और पैरो के ही जी रहे है. हाथ-पैरो के बिना प्रारंभिक जीवन बिताना उनके लिये काफी मुश्किल था. बचपन से ही उन्हें काफी शारीरिक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा था. लेकिन उन्होंने कभी अपने इस विकार से हार नही मानी, और हमेशा वे औरो की तरह ज़िन्द...

एलन रीव मस्क 08.01.2021

एलन रीव मस्क का जन्म 28 जून 1971 को हुआ था. वे एक दक्षिण अफ्रीकी-कनाडाई-अमेरिकी दिग्गज व्यापारी, निवेशक, इंजीनियर, और आविष्कारक है. एलन स्पेसएक्स के संस्थापक, सीईओ और मुख्य डिजाइनर; टेस्ला कंपनी के सह-संस्थापक, सीईओ और उत्पाद के वास्तुकार; ओपनएआई के सह-अध्यक्ष; न्यूरालिंक के संस्थापक और सीईओ और द बोरिंग कंपनी के संस्थापक हैं. इसके अलावा वे सोलरसिटी के सह-संस्थापक और पूर्व अध्यक्ष, ज़िप2 के सह-संस्...

अर्नेस्तो \"चे\" गेवारा 07.01.2021

अर्नेस्तो \"चे\" गेवारा अर्जेन्टीना के मार्क्सवादी क्रांतिकारी थे जिन्होंने क्यूबा की क्रांति में मुख्य भूमिका निभाई। इन्हें एल चे या सिर्फ चे भी बुलाया जाता है। ये डॉक्टर, लेखक, गुरिल्ला नेता, सामरिक सिद्धांतकार और कूटनीतिज्ञ भी थे, जिन्होंने दक्षिणी अमरीका के कई राष्ट्रों में क्रांति लाकर उन्हें स्वतंत्र बनाने का प्रयास किया। इनकी मृत्यु के बाद से इनका चेहरा सारे संसार में सांस्कृतिक विरोध एवं व...

लौजैन अल-हथलौल 07.01.2021

लौजैन अल-हथलौल (जन्म 31 जुलाई 1989) एक सऊदी महिला अधिकार कार्यकर्ता, एक सोशल मीडिया फिगर और एक राजनीतिक कैदी है । वह ब्रिटिश कोलंबिया विश्वविद्यालय से स्नातक हैं। सऊदी अरब में महिलाओं को गाड़ी चलाने पर प्रतिबंध की अवहेलना के लिए उन्हें कई बार गिरफ्तार और रिहा किया गया था और मई 2018 में कई प्रमुख महिला अधिकार कार्यकर्ताओं के साथ उन्हें गिरफ्तार किया गया था। उन्हें शीर्ष 100 सबसे शक्तिशाली अरब महिला...

जीजामाता 07.01.2021

मराठा सम्राट छत्रपति शिवाजी राजे भोसले की माता जीजाबाई का जन्म सिंदखेड़ नामक गाँव में हुआ था। यह स्थान वर्तमान में महाराष्ट्र के विदर्भ प्रांत में बुलढाणा जिले के मेहकर जनपद के अन्तर्गत आता है। उनके पिता का नाम लखुजी जाधव तथा माता का नाम महालसाबाई था।

बर्ड फ्लू H5N1 06.01.2021

बर्ड फ्लू को एवियन एंफ्लुएंजा कहते हैं. ये एक तरह का वायरल इंफेक्शन है, जो पक्षियों से मनुष्यों को भी हो सकता है. ये जानलेवा भी हो सकता है.

बाबू हरदास एल. एन. 06.01.2021

“जय भीम” आज बहुजन अस्मिता और एकता का प्रतीक बन चुका है. हर बहुजन युवा उत्साह से “जय भीम” के साथ एक-दूसरे का अभिवादन करते हैं. “जय भीम” शब्द की उत्पत्ति महाराष्ट्र में हुई. इस “जय भीम” शब्द के जनक बाबू हरदास एल. एन. थे, जो 1921 में बाबासाहब डाॅ अम्बेडकर के साथ सामाजिक आंदोलन में उतरे.

चंगेज़ खान 06.01.2021

चंगेज़ खान का जन्म ११६२ के आसपास आधुनिक मंगोलिया के उत्तरी भाग में ओनोन नदी के निकट हुआ था। चंगेज़ खान की दांयी हथेली पर पैदाइशी खूनी धब्बा था।उसके तीन सगे भाई व एक सगी बहन थी और दो सौतेले भाई भी थे।उसका वास्तविक या प्रारंभिक नाम तेमुजिन था। मंगोल भाषा में तिमुजिन का मतलब लौहकर्मी होता है।उसकी माता का नाम होयलन और पिता का नाम येसूजेई था जो कियात कबीले का मुखिया था।

दलाई लामा 05.01.2021

दलाईलामा (तेनजिन ग्यात्सो) जन्म- 6 जुलाई, 1935 - तिब्बत के राष्ट्राध्यक्ष और आध्यात्मिक गुरु हैं। वर्ष 1949 में तिब्बत पर चीन के हमले के बाद परमपावन दलाई लामा से कहा गया कि वह पूर्ण राजनीतिक सत्ता अपने हाथ में ले लें और उन्हें दलाई लामा का पद दे दिया गया। चीन यात्रा पर शांति समझौता व तिब्बत से सैनिकों की वापसी की बात को लेकर 1954 में वह माओ जेडांग, डेंग जियोपिंग जैसे कई चीनी नेताओं से बातचीत करने...

दशरथ मांझी 05.01.2021

पत्नी के चले जाने के गम से टूटे दशरथ मांझी ने अपनी सारी ताकत बटोरी और पहाड़ के सीने पर वार करने का फैसला किया. लेकिन यह आसान नहीं था. शुरुआत में उन्हें पागल तक कहा गया. दशरथ मांझी ने बताया था, \'गांववालों ने शुरू में कहा कि मैं पागल हो गया हूं, लेकिन उनके तानों ने मेरा हौसला और बढ़ा दिया\'.

डॉ. भदंत आनंद कौसल्यायन 05.01.2021

डॉ भदंत आनंद कौसल्यायन हिंदी और पालि भाषा के महान विद्वान और डॉ आंबेडकर मिशन के एक ऐसे ध्वजवाहक थे जिन्होंने अपनी किताबों, अनुवादों और प्रचार के द्वारा बाबासाहेब के मिशन को आमजन के बीच स्थापित किया .

चक्रवर्ती सम्राट अशोक 04.01.2021

अशोक बिंदुसार का पुत्र था , बौद्ध ग्रन्थ दीपवंश में बिन्दुसार की 16 पत्नियों एवं 101 पुत्रों का जिक्र है। अशोक की माता का नाम शुभदाग्री था। बिंदुसार ने अपने सभी पुत्रों को बेहतरीन शिक्षा देने की व्यवस्था की थी। लेकिन उन सबमें अशोक सबसे श्रेष्ठ और बुद्धिमान था। प्रशासनिक शिक्षा के लिये बिंदुसार ने अशोक को उज्जैन का सुबेदार नियुक्त किया था। अशोक बचपन से अत्यन्त मेघावी था। अशोक की गणना विश्व के महानत...

बौद्ध धर्म 04.01.2021

बौद्ध धर्म भारत की श्रमण परम्परा से निकला ज्ञान धर्म और दर्शन है। ईसा पूर्व 6 वीं शताब्दी में महात्मा बुद्ध द्वारा बौद्ध धर्म की स्थापना की गयी। महात्मा बुद्ध का जन्म 563 ईसा पूर्व में लुंबिनी (वर्तमान नेपाल में) में हुआ, उन्हें बोध गया में ज्ञान की प्राप्ति हुई, जिसके बाद सारनाथ में प्रथम उपदेश दिया, और उनका महापरिनिर्वाण 483 ईसा पूर्व कुशीनगर,भारत में हुआ था। उनके महापरिनिर्वाण के अगले पाँच शताब...

बिरसा मुंडा 04.01.2021

बिरसा मुंडा का जन्म 15 नवंबर 1875 के दशक में किसान के गरीब परिवार में हुआ था। मुंडा एक जनजातीय समूह था जो छोटा नागपुर पठार (झारखण्ड) निवासी था। बिरसा जी को 1900 में आदिवासी लोंगो को संगठित देखकर ब्रिटिश सरकार ने आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया तथा उन्हें 2 साल की सजा दी गई थी। और अंत में 9 जून 1900 को लगभग सुबह 8 बजे मे अंग्रेजो द्वारा उन्हें जहर देने के कारण उनकी मौत हो गई.

कुमारी मायावती 04.01.2021

मायावती उर्फ़ चंदावती देवी का जन्म 15 जनवरी 1956 को दिल्ली में हुआ था। उनकी माता का नाम रामरती और पिता का नाम प्रभु दयाल था। प्रभु दूरसंचार केंद्र में अफसर थे। मायावती के 6 भाई हैं। मायावती ने अपने पिता भी बात अनसुनी कर बड़े पैमाने पर कांशी राम द्वारा शुरू किये गए कार्यों और परियोजनाओं से जुड़ गयीं। सन 2007 के विधान सभा चुनाव के बाद मायावती फिर से सत्ता में लौट आई और भारत के सबसे बड़े राज्य की कमान सं...

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